रुड़की के गणेशपुर क्षेत्र में सोमवार को दिनदहाड़े एक युवक ने खुद की गर्दन पर चाकू से वार कर आत्मघाती कदम उठाया। घटना के बाद मौके पर हड़कंप मच गया। एसएसआई दीप कुमार और कांस्टेबल प्रभाकर थपलियाल ने तुरंत घायल को अस्पताल पहुंचाया। घटना के कारणों की जांच में जुटी पुलिस।
विशेष समाचार रिपोर्ट
संवाददाता: गौरव व्यास
संस्थान: उत्तर भारती न्यूज़
स्थान: रुड़की (उत्तराखंड)
गणेश चतुर्थी पर रुड़की के गणेशपुर में सनसनी: युवक ने चाकू से रेती गर्दन, गंभीर हालत में AIIMS ऋषिकेश रेफर
रुड़की। पवित्र पर्व गणेश चतुर्थी के अवसर पर सोमवार को रुड़की का गणेशपुर इलाका अचानक चीख-पुकार और अफरा-तफरी से दहल उठा। दिनदहाड़े एक युवक ने अज्ञात कारणों के चलते तेजधार चाकू से अपनी ही गर्दन पर वार कर खुद को गंभीर रूप से घायल कर लिया। घटना इतनी अचानक हुई कि आसपास मौजूद लोग सन्न रह गए और मौके पर भारी भीड़ इकट्ठा हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों की ज़बानी
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक गणेशपुर क्षेत्र में सामान्य रूप से खड़ा था कि अचानक उसने जेब या पास से एक धारदार चाकू निकाला और बिना कुछ कहे अपनी गर्दन पर वार कर दिया। खून से लथपथ युवक को जमीन पर गिरता देख वहां मौजूद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया। लोग तुरंत बचाव के लिए दौड़े और पुलिस को घटना की सूचना दी।
गंगनहर पुलिस की मुस्तैदी, पुलिस गाड़ी से अस्पताल पहुंचाया
घटना की जानकारी मिलते ही गंगनहर कोतवाली पुलिस बल के साथ तुरंत मौके पर पहुंची। युवक की गर्दन से अत्यधिक खून बह रहा था और उसकी स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई थी। स्थिति की गंभीरता और समय की संवेदनशीलता को देखते हुए गंगनहर कोतवाली के एसएसआई दीप कुमार और कांस्टेबल प्रभाकर थपलियाल ने बिना एंबुलेंस का इंतजार किए तुरंत निर्णय लिया।
दोनों पुलिसकर्मियों ने घायल युवक को तत्काल अपनी सरकारी गाड़ी में लादा और तेजी से नजदीकी नागरिक अस्पताल पहुंचाया। स्थानीय लोगों ने पुलिसकर्मियों की इस त्वरित कार्रवाई और जीवन रक्षक सूझबूझ की सराहना की है।
चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद किया एम्स रेफर
अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों की टीम ने युवक को इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कर प्राथमिक उपचार शुरू किया। डॉक्टरों के अनुसार, राहत की बात यह रही कि प्रारंभिक जांच में युवक की सांस की नली (Windpipe) और मुख्य नस (Jugular Vein) कटने से बच गई।
हालांकि, अत्यधिक रक्तस्राव और मानसिक व शारीरिक हलचल अधिक होने के कारण युवक की हालत स्थिर नहीं हो पा रही थी। चिकित्सकों ने उसे प्राथमिक रूप से सुरक्षित करने के बाद बेहतर और विशेषज्ञ उपचार के लिए उच्च केंद्र एम्स (AIIMS) ऋषिकेश के लिए रेफर कर दिया।
जांच में जुटी पुलिस, कारणों का खुलासा होना बाकी
युवक ने गणेश चतुर्थी जैसे पावन अवसर पर ऐसा आत्मघाती कदम क्यों उठाया, इसका कारण अभी तक पूरी तरह अस्पष्ट है। घटना स्थल से पुलिस को क्या कोई सुसाइड नोट या कोई अन्य सामग्री मिली है, इस पर अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
गंगनहर कोतवाली पुलिस के अनुसार, युवक के परिजनों से संपर्क करने का प्रयास किया जा रहा है और आसपास लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि युवक के होश में आने और परिजनों के बयान दर्ज होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल मामले की गहनता से जांच जारी है।








