रुड़की में यातायात नियमों की उड़ीं धज्जियां: 4-5 सवारी क्षमता वाले ई-रिक्शा में ठूंसीं 25 सवारियां, गंगनहर थाने के सामने से बेधड़क गुजरा वाहन

विशेष रिपोर्ट: गौरव व्यास
रुड़की। तीर्थनगरी और शैक्षणिक नगरी के रूप में मशहूर रुड़की शहर में इन दिनों ई-रिक्शा चालकों की मनमानी और यातायात नियमों का खुलेआम उल्लंघन चरम पर पहुंच गया है। शहर के भीड़भाड़ वाले मुख्य बाजारों से लेकर नो-एंट्री ज़ोन तक, ई-रिक्शा चालक बिना किसी डर और खौफ के बेधड़क नियमों को ताक पर रखकर वाहन दौड़ा रहे हैं। इन्हें न तो पुलिस का डर है और न ही परिवहन विभाग की किसी कार्रवाई का खौफ।
गंगनहर कोतवाली के सामने सुरक्षा नियमों का मज़ाक
नियम-कानून की धज्जियां उड़ाने का एक हैरान कर देने वाला मामला 29 अगस्त को सामने आया, जब एक ई-रिक्शा चालक अपनी गाड़ी में क्षमता से कई गुना अधिक सवारियां और भारी-भरकम सामान लादकर गुजर रहा था। हैरत की बात यह रही कि यह ई-रिक्शा गंगनहर थाना कोतवाली के ठीक सामने से होकर गुजरा, लेकिन न तो वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने इसे रोकने की जहमत उठाई और न ही चालक के मन में पकड़े जाने का कोई भय दिखा।
25 सवारियां और बड़े-बड़े ढोल लादे
संवाददाता गौरव व्यास ने जब मौके पर इस खतरनाक यात्रा को देखा तो उन्होंने वाहन चालक से पूछताछ की। पूछताछ में खुलासा हुआ कि ई-रिक्शा में 25 सवारियां ठूंस-ठूंस कर बिठाई गई थीं, साथ ही उस पर कई बड़े ढोल भी लदे हुए थे। महज 4 से 5 सवारियों की क्षमता वाले एक छोटे से ई-रिक्शा में इस कदर ओवरलोडिंग किसी बड़े हादसे को न्योता देने जैसी है। संवाददाता द्वारा इस पूरी घटना का वीडियो बनाकर वायरल व सार्वजनिक किया गया है।
एआरटीओ (प्रवर्तन) की कड़ी कार्रवाई की चेतावनी
ई-रिक्शा चालकों की इस घोर लापरवाही और यातायात नियमों के उल्लंघन के संबंध में जब सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ – प्रवर्तन) कृष्ण चंद पलाडिया से बात की गई, तो उन्होंने मामले को गंभीरता से लिया।
एआरटीओ कृष्ण चंद पलाडिया ने वीडियो का संज्ञान लेते हुए निम्नलिखित सख्त कदम उठाने की बात कही:
सघन चेकिंग अभियान: शहर के सभी प्रमुख मार्गों पर परिवहन और पुलिस विभाग द्वारा चेकिंग अभियान को तत्काल प्रभाव से बढ़ाया जाएगा।
सख्त कार्रवाई: यातायात नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले और यात्रियों की जान जोखिम में डालने वाले चालकों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
वाहन ब्लैकलिस्ट व चालान: संबंधित ई-रिक्शा और चालक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करते हुए वाहन का भारी-भरकम चालान काटा जाएगा और उसे ब्लैकलिस्ट करने की प्रक्रिया अमल में लाई जाएगी।
शहरवासियों का कहना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते इन अनियंत्रित ई-रिक्शा चालकों पर शिकंजा नहीं कसा, तो व्यस्ततम बाजारों में कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।






