हरिद्वार में अचानक बदला मौसम का मिजाज! 🌧️तेज बारिश के साथ हुई भीषण ओलावृष्टि से सड़कों पर बिछी बर्फ जैसी सफेद चादर। अचानक गिरे बड़े-बड़े ओलों से वाहनों और फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। प्रशासन ने स्थिति को देखते हुए अलर्ट जारी किया है और लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है। (रिपोर्ट: संवाददाता गौरव व्यास, उत्तर भारती न्यूज)
(रिपोर्ट: संवाददाता गौरव व्यास, उत्तर भारती न्यूज)
धर्मनगरी हरिद्वार में प्रकृति का तांडव: मूसलाधार बारिश के साथ भीषण ओलावृष्टि, बर्फबारी जैसा नजारा देखकर सहमे लोग
हरिद्वार। धर्मनगरी हरिद्वार और इसके आसपास के इलाकों में मौसम के अचानक बदले मिजाज ने पूरे क्षेत्र को भीषण तबाही की चपेट में ले लिया। दोपहर के समय अचानक आसमान में काले घनघोर बादल छा गए और कुछ ही देर में तेज हवाओं व गरज के साथ मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। बारिश के साथ ही देखते ही देखते बड़े-बड़े आकार के ओले गिरने लगे। बेमौसम हुई इस भीषण ओलावृष्टि से सड़कों और रिहायशी इलाकों में अफरा-तफरी मच गई तथा लोग खुद को बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर भागते नजर आए।
अचानक शुरू हुई इस भारी ओलावृष्टि के कारण मुख्य मार्गों और तंग गलियों में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। सड़कों पर खड़े सैकड़ों दुपहिया व चार पहिया वाहनों की विंडस्क्रीन (शीशे) टूट गए और गाड़ियों के बोनट पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। राहगीर और स्थानीय दुकानदार अपनी दुकानें व वाहन छोड़कर सुरक्षित छतों व टीन शेडों के नीचे शरण लेने को मजबूर हो गए। ओले गिरने का सिलसिला इतनी तेजी से चला कि चंद मिनटों में ही पूरी धर्मनगरी के रास्तों और छतों पर सफेद चादर बिछ गई, जिससे नजारा किसी पहाड़ी बर्फीले इलाके जैसा प्रतीत होने लगा।
मौसम के इस भीषण प्रहार से शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण इलाकों में भी भारी तबाही की आशंका जताई जा रही है। हरिद्वार के आसपास के मैदानी व देहाती क्षेत्रों में खेतों में खड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। ओलों की सीधी मार से किसानों की खून-पसीने की मेहनत से तैयार फसलें पूरी तरह बिछ गई हैं। अचानक आई इस आपदा ने स्थानीय निवासियों और व्यापारियों के जनजीवन को पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया है।
इस घटना के बाद तापमान में एकाएक भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे पूरे क्षेत्र में कड़ाके की ठंड का अहसास होने लगा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और स्थानीय प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया है। प्रशासन की ओर से क्षेत्रवासियों तथा तीर्थयात्रियों के लिए अलर्ट जारी किया गया है। स्थानीय पुलिस-प्रशासन ने लोगों से किसी भी प्रकार की घबराहट से बचने और मौसम सामान्य होने तक पक्के व सुरक्षित स्थानों के भीतर ही रहने की अपील की है।

(रिपोर्ट: संवाददाता गौरव व्यास, उत्तर भारती न्यूज)









