हरिद्वार/उत्तराखण्ड

संवाददाता – गौरव व्यास
सत्यापन अभियान के दौरान पुलिस से अभद्रता और मारपीट: महिला समेत 4 गिरफ्तार, सरकारी काम में बाधा डालने पर कानूनी कार्रवाई
हरिद्वार (थाना सिडकुल)। बाहरी व्यक्तियों एवं किरायेदारों के सत्यापन अभियान के दौरान पुलिस टीम के साथ बदसलूकी, मारपीट और सरकारी दस्तावेजों को फाड़ने/क्षतिग्रस्त करने वाले चार आरोपियों को सिडकुल पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों में एक महिला भी शामिल है। पुलिस ने सभी के खिलाफ संबंधित कानूनी धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें अदालत में पेश किया है।
क्या है पूरा मामला?
उत्तराखंड पुलिस की विशेष शाखा (अभिसूचना विभाग) में तैनात आरक्षी मनोज सैनी ने सिडकुल थाने में एक शिकायत पत्र सौंपा था। शिकायत के अनुसार, 27 अगस्त 2026 को वे अपने साथी कर्मचारी के साथ सिडकुल थाना क्षेत्र में शासकीय कार्य के तहत सत्यापन (Verification Drive) अभियान चला रहे थे।
इसी दौरान सूरज कुमार, समीर और उनके अन्य साथियों (एक महिला सहित) ने पुलिस टीम के साथ तीखी बहस शुरू कर दी। देखते ही देखते आरोपियों ने पुलिसकर्मियों के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट की और उन्हें झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने की धमकी दी। इतना ही नहीं, आरोपियों ने पुलिस टीम के पास मौजूद सरकारी दस्तावेजों और सत्यापन फाइलों को भी छिन्न-भिन्न (क्षतिग्रस्त) कर दिया और सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न की।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और गिरफ्तारी
घटना की गंभीरता को देखते हुए उच्च अधिकारियों ने मामले का तत्काल संज्ञान लिया और आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी के सख्त निर्देश दिए। इसके बाद सिडकुल थाना पुलिस की एक विशेष टीम गठित की गई।
28 अगस्त 2026 को मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए केविन केयर तिराहे से घेराबंदी कर महिला समेत चारों आरोपियों को धर दबोचा। विधिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद सभी अभियुक्तों को माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।
दर्ज मुकदमे का विवरण
आरक्षी मनोज सैनी की तहरीर के आधार पर थाना सिडकुल में मु०अ०सं० 365/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की निम्न धाराओं में मामला पंजीकृत किया गया है:
धारा 132 BNS: सरकारी सेवक को उसके कर्तव्य के निर्वहन से रोकने के लिए हमला या आपराधिक बल का प्रयोग।
धारा 121(1) BNS: लोक सेवक को उसके कर्तव्य पालन से रोकने के लिए स्वेच्छा से चोट पहुंचाना।
धारा 352 BNS: शांति भंग करने के इरादे से अपमानित करना।
धारा 351(3) BNS: आपराधिक धमकी देना।
धारा 324(2) BNS: क्षति पहुँचाना / संपत्ति नष्ट करना।
गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरण
समीर (उम्र 22 वर्ष)
मूल निवासी: ग्राम लाखीवाला टांडा बाईपास, थाना नगीना, जिला बिजनौर (उ०प्र०)
हाल पता: अभय प्रताप का मकान, बैरियर नं०-6, कोतवाली रानीपुर, जिला हरिद्वार।
आशु (उम्र 20 वर्ष)
मूल निवासी: ग्राम लाखीवाला टांडा बाईपास, थाना नगीना, जिला बिजनौर (उ०प्र०)
हाल पता: अभय प्रताप का मकान, बैरियर नं०-6, कोतवाली रानीपुर, जिला हरिद्वार।
सूरज कुमार (उम्र 26 वर्ष)
मूल निवासी: ग्राम माडोटोला, थाना मोकामा, जिला पटना (बिहार)
हाल पता: आशु का मकान (किरायेदार), लिली होटल के पास, रोशनाबाद, थाना सिडकुल, जिला हरिद्वार।
महिला अभियुक्त (उम्र 25 वर्ष)
मूल निवासी: ग्राम शेखापुर, थाना मोहम्मदी, जिला लखीमपुर खीरी (उ०प्र०)
हाल पता: आशु का मकान (किरायेदार), लिली होटल के पास, रोशनाबाद, थाना सिडकुल, जिला हरिद्वार।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम
उ०नि० देवेन्द्र सिंह चौहान (उप निरीक्षक)
कांस्टेबल मनीष
कांस्टेबल अनिल कंडारी
महिला कांस्टेबल संगीता






